पंचायतो का परिसीमन और पुनर्गठन | धांधली की आशंका | अपुष्ट खबरों से मिली जानकारी
बागोड़ा (जालोर)।
जालोर जिले के बागोड़ा उपखंड में रविवार रात बड़ा प्रशासनिक फेरबदल सामने आया। बागोड़ा के उपखंड अधिकारी (SDM) हीरसिंह चारण और तहसीलदार मोहनलाल सियोल को एक साथ एपीओ (Awaiting Posting Order) कर दिया गया है। यह आदेश देर शाम दो अलग-अलग सरकारी विभागों की ओर से जारी किए गए, जिससे क्षेत्रीय प्रशासनिक हलकों में खलबली मच गई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, कार्मिक विभाग के संयुक्त शासन सचिव धीरज कुमार सिंह ने रविवार को आदेश जारी कर राजस्थान प्रशासनिक सेवा (RAS) के तीन अधिकारियों को एपीओ किया, जिनमें बागोड़ा SDM हीरसिंह चारण का नाम भी शामिल है। उन्हें आगामी आदेशों तक कार्मिक विभाग में उपस्थित रहने को कहा गया है।
वहीं, कुछ घंटे बाद ही राजस्व मंडल की ओर से एक अन्य आदेश जारी किया गया, जिसमें बागोड़ा के तहसीलदार मोहनलाल सियोल को भी एपीओ कर दिया गया। इस निर्णय के साथ ही बागोड़ा उपखंड के दो शीर्ष प्रशासनिक पद एकसाथ खाली हो गए हैं।
गौरतलब है कि हीरसिंह चारण की यह बागोड़ा में पहली पोस्टिंग थी और वे कुछ समय से ही उपखंड अधिकारी के रूप में कार्यरत थे। जबकि तहसीलदार मोहनलाल सियोल भी लंबे समय से बागोड़ा क्षेत्र में कार्यरत थे। फिलहाल इन अधिकारियों को एपीओ किए जाने के पीछे कोई स्पष्ट कारण सामने नहीं आया है, लेकिन विभागीय स्तर पर इसे “प्रशासनिक कारण” बताया गया है।
स्थानीय प्रशासनिक अमले और जनप्रतिनिधियों के बीच इस निर्णय को लेकर कई चर्चाएं हो रही हैं। एक साथ दो अधिकारियों का हटाया जाना अपने आप में असामान्य माना जा रहा है और इसकी पृष्ठभूमि को लेकर भी कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं।
अब देखना यह होगा कि राज्य सरकार इन दोनों महत्वपूर्ण पदों पर किसे जिम्मेदारी सौंपती है और यह बदलाव क्षेत्रीय प्रशासनिक संचालन को कैसे प्रभावित करता है।



