जनकल्याणकारी योजनाओं से जुड़ीं अनेक सुविधाएं मिलीं एक ही छत के नीचे
जालोर, 26 जून।
राज्य सरकार के निर्देश पर चल रहे पं. दीनदयाल उपाध्याय अंत्योदय संबल पखवाड़ा के तहत गुरुवार को जिले की 25 ग्राम पंचायतों में बहुपयोगी शिविर लगाए गए। इनमें राजस्व, स्वास्थ्य, खाद्य, ऊर्जा, शिक्षा, वन, सामाजिक न्याय, कृषि व पंचायतीराज विभाग समेत विभिन्न विभागों की योजनाओं का लाभ ग्रामीणों तक पहुंचाया गया।

शिविरों में सीमाज्ञान, पत्थरगढी, स्वामित्व पट्टे वितरण, आधार सीडिंग, बीज वितरण, पौधारोपण, बिजली की मरम्मत और जल संरचनाओं से अतिक्रमण हटाने जैसे कार्य किए गए। ग्रामीणों ने एक ही स्थान पर विभिन्न सरकारी सेवाओं का लाभ लेकर इस मुहिम की सराहना की।
🟩 अलग-अलग पंचायत समितियों की शिविर सूची:
📍 जालोर पंचायत समिति: भागली सिंधलान, चूरा
📍 आहोर: गुड़ा बालोतान, थांवला, चवरछा, रामा, वलदरा
📍 बागोड़ा: नांदिया, चैनपुरा
📍 सायला: तिलोड़ा, सुराणा, दादाल
📍 भीनमाल: दासपां, कावतरा
📍 जसवंतपुरा: चांदूर, भरूडी
📍 रानीवाड़ा: कागमाला, चितरोड़ी, आलड़ी
📍 चितलवाना: टांपी, दूठवा, सेसावा
📍 सांचौर: सरनाऊ, भादरूणा, बिजरोल

🤝 गुड़ा बालोतान: कृषि भूमि का आपसी सहमति से विभाजन
आहोर विधायक छगनसिंह राजपुरोहित की मौजूदगी में गुड़ा बालोतान ग्राम पंचायत में खातेदारों - कूपाराम, प्रतापाराम व थानाराम के बीच 22 वर्षों से लंबित कृषि भूमि का आपसी सहमति से बंटवारा हुआ।
खसरा नं. 207, 269, 270, 271, 272 व 273 में कुल रकबा 4.22 हेक्टेयर का सहमति से बंटवारा हुआ, जिससे अब सीमाज्ञान व केसीसी जैसी योजनाओं में आसानी होगी।

🏡 चैनपुरा: सुजादेवी को मिला घर का हक
नया चैनपुरा की सुजादेवी पत्नी बगदाराम को स्वामित्व योजना के तहत आबादी भूमि पर स्थित मकान का पट्टा शिविर में दिया गया।
सुजादेवी ने कहा, "अब मैं बैंक से कर्ज लेकर अपना कच्चा घर पक्का कर सकूंगी।"
ड्रोन सर्वे के आधार पर दिए जा रहे स्वामित्व पट्टे ग्रामीणों के लिए किसी नेमत से कम नहीं।
💊 टीबी मुक्त भारत: जालमसिंह को दवाइयां व पोषण किट
चैनपुरा निवासी जालमसिंह पुत्र प्रभातसिंह को टीबी मुक्त भारत योजना के तहत नि:शुल्क दवाएं, निक्षय पोषण किट और हर माह 500 रुपये की डीबीटी सहायता प्रदान की गई।
सरकार की इस योजना का उद्देश्य टीबी के खिलाफ समुदाय आधारित सहयोग को बढ़ावा देना है।
🔔 शुक्रवार 27 जून को इन पंचायतों में लगेंगे शिविर
📍 जालोर: सियाणा, चूरा
📍 आहोर: भैंसवाड़ा, गोदन, उण, सुगालिया जोधा
📍 बागोड़ा: बागोड़ा, बिजलिया
📍 सायला: जालमपुरा, डाबली, खेतलावास
📍 भीनमाल: बोरटा, भागलभीम
📍 जसवंतपुरा: पावली, मोदरा
📍 रानीवाड़ा: दईपुर, जालेरा खुर्द, तावीदर
📍 चितलवाना: खेजडियाली, खासरवी
📍 सांचौर: सुरावा, चौरा, जैलातरा
इस पखवाड़े में चल रहे शिविरों को लेकर ग्रामीणों में खासा उत्साह है। शासन-प्रशासन की ये संयुक्त पहल गांवों को योजनाओं से जोड़ने का सेतु साबित हो रही है।
लोगों को राहत, अधिकार और भरोसे की एक नई सुबह का एहसास हो रहा है।







पाठक टिप्पणियां (Comments)
0 टिप्पणियां