जयपुर/जोधपुर: राजस्थान हाईकोर्ट ने पशु परिचर (Animal Attendant) भर्ती में 6000 से अधिक पदों पर नियुक्तियों पर फिलहाल रोक लगा दी है। कोर्ट ने कर्मचारी चयन बोर्ड और पशुपालन विभाग से चार सप्ताह में जवाब मांगा है। अगली सुनवाई 2 जुलाई को होगी। इस दौरान दस्तावेज सत्यापन की प्रक्रिया जारी रहेगी, लेकिन किसी को नियुक्ति नहीं दी जा सकेगी।
भर्ती में नॉर्मलाइजेशन प्रक्रिया पर विवाद
याचिकाकर्ताओं का कहना है कि परीक्षा में अपनाए गए नॉर्मलाइजेशन फॉर्मूले में खामियां थीं। बिना कट-ऑफ जारी किए ही सफल अभ्यर्थियों को दस्तावेज सत्यापन के लिए बुला लिया गया। एडवोकेट सारांश विज और हरेंद्र नील ने कोर्ट में दलील दी कि भर्ती में पारदर्शिता नहीं रही, और परीक्षा में जेड फॉर्मूला अपनाया गया, जिसे सुप्रीम कोर्ट पहले ही खारिज कर चुका है।
तीन दिन में छह शिफ्टों में हुई परीक्षा
1 से 3 दिसंबर 2024 तक परीक्षा छह शिफ्टों में आयोजित की गई थी। 17.53 लाख आवेदनकर्ताओं में से 10.52 लाख अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। पहली और चौथी शिफ्ट में परीक्षा देने वाले किसी भी अभ्यर्थी का चयन नहीं हुआ, जबकि छठी शिफ्ट से 1268 अभ्यर्थियों का चयन हो गया, जिससे चयन प्रक्रिया पर सवाल उठे।



