सर्कल न्यूज़ नेटवर्क, रानीवाड़ा। श्री क्षत्रिय युवक संघ, रानीवाड़ा प्रांत द्वारा आयोजित होने वाला चार दिवसीय प्राथमिक प्रशिक्षण शिविर 4 से 7 सितंबर तक तेजावास में होगा। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य नवयुवकों में क्षत्रियोचित गुणों का विकास करना और उन्हें सामूहिक संस्कार प्रणाली से जोड़ना है।
मंडल प्रमुख रेवत सिंह जाखड़ी ने बताया कि शिविर की तैयारी को लेकर रानीवाड़ा प्रांत के कई गांवों में संपर्क यात्राएं की गईं। इन यात्राओं के दौरान रतनपुर, जाखड़ी, पुर, सुरावा, टुआ, डुंगरी और तेजावास सहित विभिन्न गांवों के युवाओं और ग्रामीणों से संपर्क किया गया। इन मुलाकातों में युवाओं को शिविर के उद्देश्यों से अवगत कराया गया और उन्हें इसमें भाग लेने के लिए प्रेरित किया गया।
जाखड़ी के अनुसार, चार दिवसीय शिविर में सुबह 5 बजे जागरण से लेकर रात 10 बजे तक विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा। इन गतिविधियों के माध्यम से युवाओं को अनुशासन, त्याग, देशप्रेम, और सेवा जैसे मूल्यों का अभ्यास कराया जाएगा। शिविर में शारीरिक, मानसिक और वैचारिक विकास के लिए विशेष सत्र रखे गए हैं, जिससे युवा चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार हो सकें।
शिविर को सफल बनाने के लिए तेजावास में ग्रामीणों और कार्यकर्ताओं की एक बैठक भी आयोजित की गई। इस बैठक में शिविर की व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में शैतान सिंह, दलपत सिंह, सुरेंद्र सिंह, तने सिंह, उत्तम सिंह, दीपसिंह, हड़मतसिंह, शैतानसिंह आरआई, अर्जुन सिंह, गणपतसिंह, नरपतसिंह, महिपालसिंह (तेजावास), शिव सिंह (तेजावास), मदन सिंह (तेजावास), भीखसिंह, गणपतसिंह (रतनपुर), प्रवीणसिंह (सुरावा) और भगवतसिंह (जाखड़ी) सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। सभी ने शिविर को सफल बनाने के लिए अपना पूर्ण सहयोग देने का संकल्प लिया।
शिविर में भाग लेने वाले युवाओं को समाज और राष्ट्र के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझने का अवसर मिलेगा। यह शिविर न केवल व्यक्तिगत विकास पर केंद्रित है, बल्कि यह युवाओं को एक सशक्त और जागरूक नागरिक बनाने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम है।



