नशे के सौदागरों पर एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) का कहर लगातार जारी है। राजस्थान पुलिस की विशेष टीम ने जालोर जिले के सांचौर क्षेत्र में एक ही दिन में 3 बड़ी कार्रवाइयां करते हुए ड्रग्स नेटवर्क की कमर तोड़ दी है।
ANTF के महानिरीक्षक पुलिस विकास कुमार ने बताया कि अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस दिनेश एम.एन. के महत्वपूर्ण मार्गदर्शन में यह पूरी योजना बनाई गई थी।
कार्रवाई नंबर 01: ऑपरेशन मनजुल (3 साल की फरारी का अंत)
👉 इनामी अपराधी: मनोहरलाल पुत्र सदाराम बिश्नोई (निवासी: लियादरा, झाब)
👉 इनाम राशि: ₹30,000 (जालोर व नागौर पुलिस द्वारा घोषित)
👉 मुख्य धंधा: राजस्थान में MD (मेफेड्रोन) ड्रग्स पैर पसारने वाला मुख्य सूत्रधार
पकड़े जाने की पटकथा: "लालच बुरी बला, घर का भेदी लंका ढाए"
- गैराज बना था संपर्क सूत्र: आरोपी मनोहरलाल खुद कभी मोबाइल का इस्तेमाल नहीं करता था। उसका सांचौर में 'बजरंग मोटर गैराज' पार्टनरशिप में चल रहा था। वह गैराज पर छोड़े गए संदेशों के जरिए ही अपने नेटवर्क से जुड़ता था। वह एक छलावे की तरह आता, डील करता और गायब हो जाता।
- मंदी ने बिगाड़ा खेल: ANTF ने जब इलाके में एमडी (MD) तस्करी पर शिकंजा कसा, तो मनोहरलाल का धंधा मंदा पड़ गया। फरारी काटने में पैसे खत्म होने लगे तो उसने गैराज के वफादार कर्मचारी पर गाड़ियों को मॉडिफाई (तस्करी के अनुकूल) करने का दबाव बनाया।
- कर्मचारी ने दी सूचना: डरे हुए कर्मचारी ने मई के आखिरी शनिवार को मनोहरलाल के आने की गुप्त सूचना ANTF को दे दी। शनिवार सुबह से ही टीम ने जाल बिछाया और जालौर सीमा से आरोपी को रंगे हाथों दबोच लिया।
गैराज में गाड़ियों को ठीक करने और पीढ़ियों को खराब करने का गोरखधंधा
- छठी क्लास के बाद पढ़ाई छोड़ने वाला मनोहरलाल पहले मुंबई के दादर और मेटल मार्केट में नौकरी करता था।
- सांचौर लौटकर उसने गैराज खोला और चोरी की गाड़ियों के धंधे में उतरा। 2017 में पहली बार जेल गया।
- जेल से बाहर आते ही उसने गैराज को ड्रग्स तस्करी का अड्डा बना दिया। गुजरात के तस्कर यहां आकर डील करते थे।
- कमीशन का खेल: मात्र ₹200 प्रति ग्राम के कमीशन पर वह गुजरात से MD लाकर राजस्थान के हजारों परिवारों में जहर घोल रहा था।
SI भर्ती घोटाला 2021 से भी जुड़े तार
विकास कुमार ने बताया कि वर्ष 2021 की सब-इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा घोटाले में भी मनोहरलाल का नाम प्रमुखता से सामने आया था। SOG के मुकदमा नंबर 10/24 में वह वांछित था। उसने अपने चचेरे साले गोपीराम और उसकी पत्नी विमला का फर्जी तरीके से चयन करवाया था, जो अब जेल में हैं। SOG की पूछताछ के बाद से ही वह भूमिगत हो गया था।
पूरे कुनबे में नशा: वर्ष 2024 में मनोहरलाल के पिता सदाराम के घर पर छापे में भारी मात्रा में संदिग्ध पदार्थ मिला था, तब इसके दो भाई बुधाराम और भंवरलाल पकड़े गए थे।
कार्रवाई नंबर 02: फैंसी स्टोर की आड़ में गांजे का धंधा
👉 जब्त माल: 68 ग्राम अवैध मादक पदार्थ गांजा
👉 गिरफ्तार आरोपी: कमलेश कुमार पुत्र श्रवण कुमार वैष्णव (उम्र 23 वर्ष, निवासी: नेहरू कॉलोनी, सांचौर)
- कार्रवाई की कहानी: ANTF की टीम को सूचना मिली थी कि पीपली चौक सांचौर स्थित 'रघुवीर फैंसी स्टोर' पर ड्रग्स सप्लाई होती है।
- टीम ने सादे कपड़ों में रेकी की और स्थानीय पुलिस को मौके पर बुलाया। दुकान के काउंटर पर बैठा कमलेश पुलिस को देखकर घबरा गया। तलाशी लेने पर काउंटर से प्लास्टिक की थैली में छुपाया गया गांजा बरामद हुआ।
कार्रवाई नंबर 03: बाइक से स्मैक की डिलीवरी
👉 जब्त माल: 0.58 ग्राम अवैध स्मैक और 01 मोटरसाइकिल
👉 गिरफ्तार आरोपी: शंकराराम पुत्र पूनमाराम बिश्नोई (उम्र 41 वर्ष, निवासी: दांता, सांचौर)
- कार्रवाई की कहानी: टीम को पुख्ता इनपुट मिला था कि दाता सरहद पर शंकराराम नाम का व्यक्ति अपनी बाइक से स्मैक की सप्लाई करने आ रहा है।
- सादे कपड़ों में तैनात टीम ने हुलिए के आधार पर उसे रोका। स्थानीय पुलिस की मौजूदगी में तलाशी लेने पर उसके पास से स्मैक बरामद हुई। परिवहन में प्रयुक्त मोटरसाइकिल को जब्त कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।
टीम को मिलेगी शाबाशी
ANTF राजस्थान (जयपुर) के पुलिस महानिरीक्षक विकास कुमार ने इस शानदार कामयाबी के लिए पूरी टीम की पीठ थपथपाई है। उन्होंने घोषणा की है कि इस संयुक्त कार्रवाई में शामिल सभी पुलिस अधिकारियों और जवानों को विशेष कार्यक्रम के दौरान ANTF मुख्यालय में सम्मानित किया जाएगा।
ANTF की जनता से अपील: आपकी पहचान रहेगी गुप्त
महानिरीक्षक विकास कुमार ने आमजन से अपील की है कि किसी भी अपराधी या नशे के कारोबार से जुड़ी सूचना तुरंत साझा करें:
- ANTF कंट्रोल रूम नंबर: 0141-2502877
- व्हाट्सएप नंबर: 9261225056
- ई-मेल: igp.antf.rj@rajpolice.gov.in
नोट: सूचना देने वाले व्यक्ति का नाम और पहचान पूरी तरह से गुप्त रखी जाएगी।







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