जालोर/चित्तौड़गढ़। राजस्थान में सब-इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा-2021 पेपर लीक मामले में एसओजी ने एक और बड़ी कार्रवाई करते हुए, मेरिट लिस्ट में 25वीं रैंक लाने वाले प्रोबेशनर उपनिरीक्षक कैलाश कुमार को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी चित्तौड़गढ़ पुलिस लाइन से हुई है, जहां कैलाश वर्तमान में तैनात था। एसओजी की जांच में खुलासा हुआ कि उसने लीक हुए पेपर पढ़कर अवैध तरीके से यह परीक्षा पास की थी।
ऐसे हुआ खुलासा:
पुलिस अतिरिक्त महानिदेशक वी.के. सिंह ने बताया कि जांच के दौरान राजस्थान पुलिस अकादमी में ट्रेनिंग ले रहे उपनिरीक्षकों की दोबारा परीक्षा ली गई थी। इसमें कैलाश कुमार के अंक पहले की लिखित परीक्षा से बिल्कुल अलग आए।
- मूल परीक्षा में अंक: कैलाश ने हिंदी में 180.94 और सामान्य ज्ञान में 167.89, कुल 348.83 अंक हासिल किए थे। इसी आधार पर वह मेरिट में 25वें नंबर पर चयनित हुआ।
- दोबारा परीक्षा में भारी अंतर: जब उसी पेपर को फिर से लिया गया, तो उसके अंकों में भारी अंतर पाया गया, जिससे एसओजी का शक यकीन में बदल गया।
फेल होने का पुराना रिकॉर्ड:
एसओजी की जांच में यह भी सामने आया कि कैलाश कुमार का शैक्षणिक रिकॉर्ड सामान्य था। उसने 10वीं में 53%, 12वीं में 60% और ग्रेजुएशन में 61% अंक प्राप्त किए थे। इससे भी चौंकाने वाली बात यह है कि वह पटवारी, जेल प्रहरी, कांस्टेबल और दिल्ली पुलिस कांस्टेबल जैसी कई परीक्षाओं में पहले भी असफल हो चुका था। बावजूद इसके, उपनिरीक्षक भर्ती में उसने टॉप 25 में जगह बना ली थी, जो अपने आप में एक बड़ा सवाल था।
अब तक 56 उपनिरीक्षक समेत 127 गिरफ्तार:
यह गिरफ्तारी एसओजी की लगातार जारी कार्रवाई का हिस्सा है। इस मामले में अब तक 56 उपनिरीक्षकों सहित कुल 127 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। एसओजी का कहना है कि इस मामले में अभी और भी गिरफ्तारियां हो सकती हैं।



