27 जुलाई को जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी सदानंद सरस्वतीजी महाराज का भव्य स्वागत, नंदगांव चातुर्मास महोत्सव में उमड़ेगा आस्था का महासमुद्र
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रानीवाड़ा/जालोर।
परम श्रद्धेय गोऋषि स्वामी दत्तशरणानंद महाराज की परम पावन प्रेरणा से अर्बुदारण्य की पवित्र एवं दिव्य भूमि पर सहस्रों गोमाताओं के सान्निध्य में श्री गोधाम महातीर्थ पथमेड़ा द्वारा प्रायोजित ‘श्री सुरभि हरिहर चातुर्मास आराधना महोत्सव’ का अत्यंत भव्य एवं ऐतिहासिक आयोजन होने जा रहा है। इस पावन श्रृंखला के तहत अनंत श्रीविभूषित पश्चिमाम्नाय सामवेदीय द्वारका शारदापीठाधीश्वर परम पूज्य जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी श्री सदानंद सरस्वतीजी महाराज का 27 जुलाई को दोपहर 1:30 बजे रानीवाड़ा की धरा पर भव्य आगमन होगा। महाराज श्री के प्रथम रानीवाड़ा पदार्पण को लेकर पूरे क्षेत्र के सनातनी समाज और गोभक्तों में अपार उत्साह और उल्लास की लहर है।

चरण पादुका पूजन व वाहन रैली का रहेगा विशेष आकर्षण
आयोजन समिति के वरिष्ठ सदस्य जगदीश जोशी ने बताया कि पूज्य शंकराचार्य जी के आगमन पर दोपहर 2:00 बजे एक विशाल स्वागत समारोह आयोजित किया जाएगा। इस दौरान वैदिक मंत्रोच्चार के बीच जगद्गुरु का अभिनंदन, विशेष गोपूजन एवं पावन चरण पादुका पूजन का धार्मिक कार्यक्रम संपन्न होगा। तत्पश्चात, रानीवाड़ा नगर के सैकड़ों सनातनी गोसेवक और युवा एक विशाल एवं अनुशासित वाहन रैली के रूप में पूज्य शंकराचार्य जी के अगवानी काफिले के साथ नंदगांव के लिए प्रस्थान करेंगे। रानीवाड़ा से नंदगांव तक का संपूर्ण मार्ग धर्ममय ध्वजाओं और तोरण द्वारों से सजाया जा रहा है।

29 जुलाई से शुरू होगा भक्ति का महाकुंभ: आलोक सिंहल
संस्थान के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) आलोक सिंहल ने जानकारी देते हुए बताया कि श्री अभिनव ब्रजमंडल मनोरमा गोलोकतीर्थ अर्बुदारण्य नंदगांव (केसुआ) में आगामी 29 जुलाई से 26 सितंबर 2026 तक दो माह तक चलने वाला ‘श्री सुरभि हरिहर चातुर्मास आराधना महोत्सव’ आयोजित किया जाएगा। इस दिव्य महोत्सव के दौरान देश के प्रख्यात संतों के मुखारविंद से 7 संगीतमय कथाएं, 14 प्रमुख सनातन उत्सव, गो-महिमा पर विशेष प्रवचन तथा विभिन्न गो-उपासना अनुष्ठानों का विशेष आयोजन होगा।
ऐतिहासिक एवं अत्यंत पुण्यदायी अवसर
“द्वारका शारदापीठाधीश्वर पूज्य जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी श्री सदानंद सरस्वतीजी महाराज का चातुर्मास में पावन सान्निध्य मिलना समस्त जालोर और अर्बुदारण्य क्षेत्र के लिए परम सौभाग्य का विषय है। यह शंकराचार्य भगवान का इस क्षेत्र में प्रथम चातुर्मास है, जो इतिहास के पन्नों में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज होगा। रानीवाड़ा नगर व आसपास के हर घर तक जनसंपर्क अभियान चलाकर श्रद्धालुओं को इस आध्यात्मिक यज्ञ से जोड़ा जा रहा है।”
— ठाकुर कालुसिंह देवड़ा, ठिकाना – रानीवाड़ाहर घर तक पहुंचेगा निमंत्रण, तैयारियां अंतिम चरण में
बैठक को संबोधित करते हुए समाज सेवी भाणाराम बोहरा ने कहा कि गोमाता की सेवा और पूज्य शंकराचार्य जी के दर्शन-आशीर्वाद का यह दुर्लभ अवसर है। आयोजन समिति दिन-रात एक कर तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटी है ताकि बाहर से आने वाले हजारों श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
ये रहे बैठक में मौजूद:
आयोजन की रूपरेखा तैयार करने हेतु आयोजित बैठक में सोमाराम चौधरी (चिमनगढ़), कैलाश माली (रानीवाड़ा), बाबूलाल पुरोहित, लाधाराम जैतपुरा, प्रागाराम, रेखाराम, करणाराम पुरोहित (धनपुरा), प्रभु सिंह उमट (सेवाड़ा), कांतिलाल रोड़ा, मांगीलाल पुरोहित (वाड़ा) सहित क्षेत्र के कई गणमान्य नागरिक एवं समर्पित गोभक्त उपस्थित रहे। आयोजन समिति ने क्षेत्र के समस्त श्रद्धालुओं से सपरिवार उपस्थित होकर पुण्य लाभ अर्जित करने का भावभीना आग्रह किया है।



