जालोर, 16 जुलाई। जालोर पुलिस के “ऑपरेशन धरकरभर” के तहत एक मार्मिक मामले में पुलिस थाना भाद्राजून ने बड़ी कार्रवाई की है। कलयुगी बेटों ने अपने 80 वर्षीय पिता को न केवल घर से बेदखल किया, बल्कि उनके साथ मारपीट भी की। पुलिस ने दोनों पुत्रों को गिरफ्तार कर लिया है, जिससे वृद्ध पिता को न्याय की उम्मीद जगी है।
दर्दनाक दास्तान: 80 वर्षीय पिता की आपबीती
यह कहानी सिर्फ एक बुजुर्ग पिता की नहीं, बल्कि रिश्तों के पतन की दुखद गाथा है। रेवड़ा कल्ला निवासी 80 वर्षीय गिरधारी लाल पुत्र देवाजी चौधरी अपनी आंखों में दर्द और कलेजे में अथाह पीड़ा लिए भाद्राजून पुलिस थाने पहुंचे। उन्होंने अपने ही दो पुत्रों, सवाराम और विरमाराम के खिलाफ एक परिवाद पेश किया। गिरधारी लाल ने बताया कि उनके दोनों बेटे उनसे झगड़ा करते हैं, उन्हें घर से बाहर निकालने की धमकी देते हैं और खाना तक नहीं देते। एक ऐसे समाज में जहां माता-पिता को भगवान का दर्जा दिया जाता है, यह घटना इंसानियत को शर्मसार करती है।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई: “ऑपरेशन धरकरभर” के तहत गिरफ्तारी
श्रीमान महानिरीक्षक पुलिस विकासकुमार जोधपुर रेंज जोधपुर के “मिशन मदमर्दन” के तहत चलाए जा रहे “ऑपरेशन धरकरभर” में अवैध मादक पदार्थ तस्करी की रोकथाम और वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी पर जोर दिया जा रहा है। इसी अभियान के तहत, जालोर के जिला पुलिस अधीक्षक श्री ज्ञानचन्द्र यादव के निर्देशानुसार, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मोटाराम गोदारा और वृताधिकारी वृत आहोर अनिल पुरोहित आरपीएस के निकट पर्यवेक्षण में, थानाधिकारी पुलिस थाना भाद्राजून श्री महेन्द्रसिंह निपु के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई।
पुलिस ने जब गिरधारी लाल के बेटों, सवाराम और विरमाराम से संपर्क किया, तो वे थाने में उपस्थित हुए और अपने पिता गिरधारी लाल से उलझने लगे, यहां तक कि मारपीट की धमकियां भी देने लगे। इस स्थिति से परिशांति भंग होने का अंदेशा होने पर और मौके पर संज्ञेय अपराध की रोकथाम हेतु, पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों गैरसायलों (बेटों) को धारा 126 और 170(1) के तहत गिरफ्तार कर लिया।
न्याय की आस में एक पिता
इस गिरफ्तारी से गिरधारी लाल को कुछ राहत मिली है और न्याय की एक किरण दिखाई दी है। यह मामला समाज को यह संदेश देता है कि रिश्तों की पवित्रता को ठेस पहुंचाने वालों को कानून की जद से बाहर नहीं जाने दिया जाएगा।
पुलिस टीम में शामिल रहे: महेन्द्रसिंह निपु, दरियाव खां सउनि., गणपतराम कानि. 982, और मुकेशदान कानि. 924, पुलिस थाना भाद्राजून।



