जसवंतपुरा, 01 अगस्त, 2025। जसवंतपुरा तहसील के ग्राम राजपुरा में आज एक ऐतिहासिक और महत्वपूर्ण कार्रवाई को अंजाम दिया गया, जिसने वर्षों से परेशान ग्रामीणों को बड़ी राहत दिलाई है। ग्राम राजपुरा के खसरा संख्या 490 पर स्थित ‘मनोहरजी का वास’ का रिकॉर्डेड सार्वजनिक रास्ता प्रशासन द्वारा मौके पर पहुंचकर पूरी तरह से खुलवा दिया गया है। यह रास्ता, जो लगभग 2 किलोमीटर लंबा है, प्रभावशाली लोगों द्वारा किए गए अवैध कब्ज़े के कारण कई वर्षों से आमजन के उपयोग से बाहर था। इस मार्ग के बंद होने से राजपुरा से मनोहरजी का वास और कारलू तक जाने वाले गरीब व शोषित वर्ग के किसान बुरी तरह प्रभावित हो रहे थे, क्योंकि उनके पास आवागमन का कोई विकल्प नहीं था।

प्रशासन की दृढ़ इच्छाशक्ति और ग्रामीणों का सतत संघर्ष
यह एक बड़ी जीत है, जो प्रशासन की दृढ़ इच्छाशक्ति और राजपुरा के ग्रामीणों के अटूट संघर्ष का परिणाम है। ग्रामीणों ने अपनी व्यथा जसवंतपुरा की तहसीलदार नीरजकुमारी को बताई, जिन्होंने उनकी समस्या को गंभीरता से लिया और रास्ता खुलवाने का वादा किया। वादा निभाते हुए, आज तहसीलदार नीरजकुमारी के नेतृत्व में प्रशासन की पूरी टीम मौके पर मौजूद रही। इस टीम में जसवंतपुरा के थानाधिकारी गुमानसिंह भाटी, पटवारी राजदीपसिंह, आरआई शैतानसिंह सहित सरपंच और ग्राम विकास अधिकारी शामिल थे।
मौके पर, जेसीबी (JCB) मशीनें लगाकर रास्ते को पूरी तरह से साफ किया गया। प्रशासन ने सभी संबंधित पक्षों को भविष्य में रास्ता बंद न करने के लिए पाबंद किया है, साथ ही ऐसा करने पर कानूनी कार्रवाई की कड़ी चेतावनी भी दी है। यह कदम सुनिश्चित करता है कि अब यह महत्वपूर्ण मार्ग हमेशा के लिए खुला रहेगा।

जनता के हक की जीत: “सरकारी रिकॉर्ड में दर्ज रास्तों को कोई नहीं रोक सकता”
इस ऐतिहासिक कार्यवाही के दौरान मौके पर उपस्थित ग्रामीणों में अमराराम चौधरी, रगाराम चौधरी, जवाराम चौधरी, बाबराराम चौधरी, कानाराम देवासी, ओबाराम पुरोहित सहित अन्य जागरूक ग्रामीण शामिल थे, जिन्होंने इस संघर्ष में सक्रिय रूप से भाग लिया। यह कार्यवाही शांति और सहमति के साथ संपन्न हुई, और अब यह रास्ता पुनः गांववासियों की सुविधा के लिए खुल गया है।
इस अवसर पर, ग्रामीणों और प्रशासन दोनों ने एक स्वर में कहा, “सरकारी रिकॉर्ड में दर्ज रास्तों को कोई नहीं रोक सकता – यह जनता का हक है, और अब जनता को लौटा दिया गया है!” ग्रामीणों ने राजस्थान सरकार का आभार व्यक्त किया है, और प्रशासन तथा समस्त टीम का धन्यवाद किया है जिनके सहयोग से यह कार्य संभव हो पाया। यह घटना यह दर्शाती है कि जब जनता और प्रशासन मिलकर काम करते हैं, तो कितनी भी पुरानी और जटिल समस्या का समाधान संभव है। यह वास्तव में ग्राम राजपुरा के ग्रामीणों की एक ऐतिहासिक जीत है।



