रानीवाड़ा। स्थानीय विधायक रतन देवासी को सोशल मीडिया पर जान से मारने की धमकी दिए जाने के मामले को लेकर कांग्रेस कार्यालय में एक बड़ी कार्यकर्ता और समाज बंधुओं की बैठक बुलाई गई, जिसमें सैंकड़ों की तादाद में कांग्रेस कार्यकर्ताओं सहित कई समाज के लोगों ने भाग लिया। इस मीटिंग में न सिर्फ धमकी के मुद्दे पर आक्रोश व्यक्त किया गया, बल्कि बिश्नोई समाज के एक वरिष्ठ नेता ने पूर्व मंत्री सुखराम पर विधायक देवासी को चुनाव में हराने का प्रयास करने का विस्फोटक आरोप लगा दिया, जिससे रानीवाड़ा की सियासत में भूचाल आ गया है।

धमकी देने वालों के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी
विधायक रतन देवासी ने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि उन्हें और उनके परिवार को सोशल मीडिया पर जान से मारने की धमकियां दी जा रही हैं, जिसके सबूत उनके पास मौजूद हैं। देवासी ने घोषणा की कि वे यह सभी सबूत कल (सोमवार) जिला पुलिस अधीक्षक शैलेन्द्रसिंह को सौंपेंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि धमकी देने वालों को सांचौर और सुंधा क्षेत्र के नेताओं का परोक्ष समर्थन प्राप्त है। उन्होंने लक्ष्मण देवासी हत्याकांड का जिक्र करते हुए कहा कि सांचौर के कुछ नेताओं ने समाजों का सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश की थी, लेकिन समाज ने सब्र से काम लिया और मामला शांति से निपटाया। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे समाजों के बीच सौहार्द बनाए रखें और असामाजिक तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के लिए पुलिस से निवेदन किया जाएगा।

मीटिंग के दौरान, वरिष्ठ नेता भीखाराम पुर ने एक विस्फोटक बयान देते हुए सीधे-सीधे पूर्व मंत्री सुखराम पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सुखराम ने चुनाव के दौरान रतन देवासी को हराने के प्रयास किए थे। यह आरोप क्षेत्र में एक बड़ा राजनीतिक मुद्दा बन गया है और इससे रानीवाड़ा क्षेत्र की राजनीति और गरमा गई है।
कार्यकारी बैठक को भीखाराम पुर, उकाराम डगला, राणसिंह परमार, वंरिगाराम, खुमाराम चौधरी, गणेश रेबारी, देवासी समाज के अध्यक्ष सुखदेव रेबारी, मांगीलाल गुलसर, वीराराम वाघेला, जोइताराम पुरोहित, कृष्ण पुरोहित, जयकिशन सारण, प्रवीण बिश्नोई सहित विधायक देवासी ने संबोधित किया।



