उचमत (जालोर): श्री क्षत्रिय युवक संघ का 14 वर्ष से अधिक आयु के युवाओं और समाजबंधुओं के लिए आयोजित होने वाला प्राथमिक प्रशिक्षण शिविर, एकता और संस्कार के नए अध्याय लिखने जा रहा है। यह महाकुंभ 27 सितंबर से सोपेश्वर महादेव मंदिर, उचमत में शुरू होगा, जो आने वाली पीढ़ी को संघ के सिद्धांतों के प्रति समर्पित करेगा। इस शिविर के लिए, रानीवाड़ा प्रांत के जसवंतपुरा मंडल में घर-घर जाकर पीले चावल बांटकर सभी को न्योता दिया गया।
घर-घर पीले चावल, जन-जन को न्योता
जसवंतपुरा मंडल प्रमुख देरावरसिंह उचमत ने बताया कि इस शिविर की तैयारियों ने पूरे क्षेत्र में उत्साह का माहौल पैदा कर दिया है। जाविया, चेकला, डोरंडा, राजीकावास, वाडाभवजी, पादर, पुरण, पंसेरी, पहाड़पुरा, कागमाला, चांडपुरा, जीतपुरा, विकनवास, रतनपुर, डूंगरी, जाखड़ी, करड़ा, सुरावा, सेवाड़ा, धामसीन, वडवज और केंसुआ जैसे गांवों में संघ के स्वयंसेवकों ने पीले चावल बांटकर हर घर को इस पावन आयोजन से जुड़ने का निमंत्रण दिया।
संस्कारमयी कर्म प्रणाली और अनुशासन का पाठ
यह शिविर सिर्फ एक सामान्य आयोजन नहीं, बल्कि एक ऐसी पाठशाला है जहाँ हर व्यक्ति को संस्कार और अनुशासन का पाठ पढ़ाया जाएगा। इसमें सामूहिक कर्म प्रणाली का पालन किया जाएगा, जिसमें प्रातः जागरण से लेकर रात्रि विश्राम तक के कार्यक्रम निर्धारित हैं। शिविर का उद्देश्य युवाओं को संघ के आदर्शों से जोड़ना और उनमें राष्ट्र एवं समाज सेवा की भावना का संचार करना है। इस आयोजन के दौरान समुन्द्रसिंह लक्ष्मण सिंह जाविया, मुकनसिंह चेकला, दशरथसिंह, नवेन्द्रसिंह, राणसिंह उचमत, शैलेन्द्र सिंह उथमण और पृथ्वीसिंह वडवज जैसे प्रमुख कार्यकर्ता मौजूद रहे और उन्होंने सभी को शिविर में भाग लेने के लिए प्रेरित किया।
यह शिविर क्षत्रिय समाज में नई चेतना जगाने और सामाजिक एकजुटता को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।



