थराद के मालूपुर गांव में अंजना चौधरी समाज के कार्यक्रम में हुआ महत्वपूर्ण एलान
गांधीनगर/थराद, जून 2025।
विधानसभा अध्यक्ष और थराद से विधायक शंकर चौधरी ने एक ऐतिहासिक घोषणा करते हुए कहा है कि प्रस्तावित वाव-थराद जिले का मुख्यालय मालूपुर गांव में बनाया जाएगा। इस घोषणा के साथ ही पूरे वाव और थराद क्षेत्र में हर्ष और उत्साह की लहर दौड़ गई है।
शंकर चौधरी ने यह ऐलान थराद तालुका के मालूपुर गांव में अंजना चौधरी समाज के एक सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान मंच से किया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि,
“मालूपुर को जिले का मुख्यालय बनाया जाएगा। सभी प्रमुख सरकारी कार्यालय यहीं स्थापित होंगे। यह निर्णय क्षेत्र के लोगों की आकांक्षाओं का सम्मान है।”

क्यों महत्वपूर्ण है यह घोषणा?
इस घोषणा के पीछे शंकर चौधरी की दूरदर्शिता और विकास के प्रति प्रतिबद्धता स्पष्ट झलकती है। यदि वाव-थराद को एक नया जिला बनाया जाता है और मालूपुर को इसका मुख्यालय घोषित किया जाता है, तो इसके कई महत्वपूर्ण लाभ हो सकते हैं:
✅ स्थानीय स्तर पर प्रशासनिक सुविधा:
लोगों को जिलास्तरीय कार्यों के लिए लंबी दूरी तय नहीं करनी पड़ेगी। मालूपुर में ही पासपोर्ट, रजिस्ट्रेशन, कोर्ट, पुलिस, शिक्षा और राजस्व कार्यालय उपलब्ध होंगे।
✅ बेरोजगारी में कमी:
नए कार्यालयों के निर्माण और संचालन से स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।
✅ आवागमन और इन्फ्रास्ट्रक्चर का विकास:
मुख्यालय बनने के बाद सड़क, परिवहन, स्वास्थ्य, शिक्षा और अन्य सुविधाओं का तेजी से विकास होगा।
✅ क्षेत्रीय पहचान को बल:
थराद और वाव जैसे सीमावर्ती क्षेत्रों को अलग जिला बनने से नई पहचान और सम्मान मिलेगा, जिससे राजनीतिक और प्रशासनिक सशक्तिकरण होगा।
“संघर्ष रहेगा लेकिन प्रयास जारी रहेंगे” – शंकर चौधरी
विधानसभा अध्यक्ष ने स्पष्ट कहा कि,
“अच्छे कामों में बाधाएं आती हैं, लेकिन हमारी कोशिश जारी रहेगी। मैं यह वादा जनता के सम्मान में कर रहा हूं कि इस सपने को साकार करूंगा।”
इस ऐलान को लेकर क्षेत्र में जश्न जैसा माहौल है। स्थानीय समाज के लोगों ने इसे एक ऐतिहासिक निर्णय बताया है। मालूपुर, जो अब तक एक सामान्य गांव था, जिला मुख्यालय बनने की दिशा में एक नए युग की शुरुआत करने जा रहा है।



